KitabiBeyond the Bookshelf Get the app
×
Front cover of राजमाता मरियम मकानी
Front cover

राजमाता मरियम मकानी

हमीदा बानो बेगम

by Heramb Chaturvedi

Hindi 1 edition

"मुग़ल बादशाहों पर सशक्त महिलाओं का प्रभाव हमेशा से रहा है इसीलिए मुग़ल महिलाओं और उनके हरम पर ढेरों पुस्तकें आज भी सामान्य पाठकों और इतिहास के अध्येताओं और शोधकर्ताओं का ध्यान अपनी ओर खींचती रहती हैं। वाणी प्रकाशन से प्रकाशित ‘जहाँआरा’ के बाद अकबर की माँ—राजमाता हमीदा बानो बेगम के जीवन पर आधारित यह पुस्तक अकबर के ऊपर रनिवास या हरम के प्रभाव की बिल्कुल नयी जानकारियों के साथ उस काल की राजनीति पर नया प्रकाश डालती है... राजपूत नीति के निर्धारण में तो राजमाता मरियम मकानी का प्रत्यक्ष प्रभाव था ही बल्कि अकबर-सलीम के द्वन्द्व और उसके पीछे के अनारकली प्रकरण को भी बे-पर्दा करता है यह उपन्यास... ★★★ गुलबदन बेगम लिखती हैं कि जैसे ही हुमायूँ की नज़र हमीदा बानो पर पड़ी भर थी कि उसका दिल इतने ज़ोर से धड़का और उसके चेहरे की रंगत ही बदल गयी।...उसका अपने दिल और जज़्बात पर कोई नियन्त्रण ही नहीं रहा। जब बेबस हुमायूँ ने यह जानना चाहा कि वह कौन है तब, हमीदा बानो ने खुद ही पूरे इत्मीनान, शालीनता, संयत ढंग और तमीज़ से संक्षिप्त सा जवाब दिया 'मीर बाबा दोस्त की बेटी'। हुमायूँ जो अभी सिर्फ़ सुन्दरता का कायल हुआ था उसके इस परिष्कृत अन्दाज़ और उसकी तरबियत से भी बहुत प्रभावित हुआ। उसे इतना तो समझ आ गया था कि जिसे इस उम्र में अपने बड़े के सामने किस तमीज़ से बोलना चाहिए या एक बादशाह की उपस्थिति में किस अदब से पेश आना चाहिए यह सब उसकी शिक्षा, संस्कार और खानदानी होने के सबूत थे! —इसी पुस्तक से " Categories: Vani Prakashan, Novel Rajmata Mariyam Makani : Hameeda Bano Begum is available from Vani Prakashan. Explore this book and discover more titles from the Vani Prakashan collection.

Get this book

Buy on Amazon.in

As an Amazon Associate, Kitabi earns from qualifying purchases.

This edition

Publisher Vani Prakashan
ISBN9789362871893

On your shelf?

Track it, log your reading, and lend it to a friend — without losing it. Open in Kitabi

1 edition

Vani Prakashan Cover of राजमाता मरियम मकानी, Vani Prakashan edition
—ISBN 9789362871893
—pages

Readers also shelved

The facts

Titleराजमाता मरियम मकानी
LanguageHindi
Editions1
PublishersVani Prakashan

Keep the shelf in your pocket

Kitabi is a personal library app — track what you own, log what you read, and lend a book to a friend without losing it. Free, offline-first, no ads.